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तेंदूपत्ता बोनस घोटाला : सुकमा में IFS अधिकारी अशोक कुमार पटेल गिरफ्तार, 7 करोड़ के फंड में गड़बड़ी का आरोप

रायपुर, छत्तीसगढ़: आर्थिक अपराध शाखा (EOW) और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने तेंदूपत्ता बोनस फंड घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए भारतीय वन सेवा (IFS) अधिकारी अशोक कुमार पटेल को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई सुकमा जिले में वर्ष 2021-22 के दौरान 7 करोड़ रुपये के फंड के दुरुपयोग को लेकर की गई है।


🔍 कौन हैं आरोपी अधिकारी अशोक कुमार पटेल?

  • पद: पूर्व प्रभागीय वन अधिकारी (DFO), सुकमा

  • अभियोग: पद का दुरुपयोग कर तेंदूपत्ता संग्राहकों के बोनस भुगतान में कथित घोटाला

  • गिरफ्तारी की पुष्टि: अभियोजन के उप निदेशक मिथिलेश वर्मा ने की

  • वर्ष: 2021 और 2022 में हुआ कथित फंड दुरुपयोग


💰 तेंदूपत्ता बोनस फंड में कैसे हुआ घोटाला?

अधिकारियों के मुताबिक, अशोक कुमार पटेल ने वन विभाग के अन्य अधिकारियों और लघु वनोपज समितियों के प्रबंधकों के साथ मिलकर तेंदूपत्ता बोनस की 7 करोड़ रुपये की राशि का दुरुपयोग किया। यह फंड तेंदूपत्ता संग्राहकों को बोनस भुगतान के लिए जारी किया गया था।

“आरोपी ने पद का दुरुपयोग करते हुए संग्राहकों तक राशि न पहुँचाकर घोटाला किया। जांच में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं की पुष्टि हुई है।”
मिथिलेश वर्मा, उप निदेशक, अभियोजन


⚖️ कोर्ट ने क्या फैसला सुनाया?

  • आरोपी को विशेष न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) के न्यायाधीश नीरज शर्मा के समक्ष पेश किया गया

  • कोर्ट ने अशोक कुमार पटेल को 23 अप्रैल तक 6 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा है


🌿 तेंदूपत्ता क्यों है इतना अहम?

छत्तीसगढ़ के वन क्षेत्रों में तेंदूपत्ता एक प्रमुख लघु वनोपज है, जो हज़ारों ग्रामीणों की आय का प्रमुख स्रोत है। इस बोनस योजना का उद्देश्य संग्राहकों को आर्थिक सहायता देना होता है। लेकिन घोटाले के इस मामले ने योजनाओं के क्रियान्वयन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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