8th August 2026

BREAKING NEWS

बरसात में सुस्ती और आलस से हैं परेशान? अपनाएं ये 5 आसान बदलाव, मिलेगी नई ऊर्जा

रवीना टंडन पर अचानक झपटा डॉगी, एक्ट्रेस ने बिना घबराए ऐसे किया हालात को कंट्रोल

पहले कर लें ये 2 जरूरी काम

अगस्त में 4 दिन बंद रहेंगे स्कूल, छत्तीसगढ़ के बैंक भी रहेंगे बंद, देखें पूरी लिस्ट

MBBS-BDS में दाखिले के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू, पहले चरण की काउंसलिंग का शेड्यूल जारी

Advertisment

Chaitanay Baghel Case : चैतन्य बघेल आज कोर्ट में पेश, शराब घोटाला मामले में ईडी रिमांड समाप्त

Media Yodha Desk Sat, Aug 23, 2025

रायपुर : पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को आज कोर्ट में पेश किया जाएगा। शराब घोटाला मामले में उनकी ईडी कस्टोडियल रिमांड आज समाप्त हो रही है। ऐसे में आज शाम 4 बजे उन्हें ईडी कोर्ट में पेश किया जा सकता है। इससे पहले कोर्ट ने ईडी को चैतन्य बघेल की 5 दिन की कस्टोडियल रिमांड मंजूर की थी। ईडी ने दलील दी थी कि जांच के दौरान नए तथ्य सामने आए हैं, जिसके लिए पूछताछ जरूरी है।

चैतन्य पर आरोप

ED के अनुसार, लीकर स्कैम में पूछताछ में शराब कारोबारी लक्ष्मी नारायण बंसल उर्फ पप्पू ने EOW को बयान दिया था कि, उसने और चैतन्य बघेल ने मिलकर 1000 करोड़ से ज्यादा घोटाले की रकम को हैंडल किया। यह कैश अनवर ढेबर ने दीपेन चावड़ा को पहुंचाया। यह पैसा बाद में राम गोपाल अग्रवाल को दिया गया।

इसकी व्यवस्था चैतन्य बघेल के साथ मिलकर की गई और चैतन्य बघेल के कहने पर 1000 करोड़ में से 100 करोड़ नकद केके श्रीवास्तव को दिया गया। पप्पू बंसल ने पूछताछ में ये भी स्वीकार किया है कि शराब घोटाले से उसे 3 महीने में 136 करोड़ रुपए मिले हैं। अनवर ढेबर और नीतेश पुरोहित के बीच चैट में हुई बातचीत में इसकी जानकारी है। पप्पू बंसल दुर्ग भिलाई का शराब कारोबारी है। प्रॉपर्टी डीलर का काम करने के दौरान शराब कारोबार से जुड़ा। भूपेश बघेल के करीबी होने के साथ ही कोयले का भी कारोबार है।

ED ने अपनी जांच में पाया कि चैतन्य बघेल के विट्ठल ग्रीन प्रोजेक्ट (बघेल डेवलपर्स) में घोटाले के पैसे को इन्वेस्ट किया गया है। इस प्रोजेक्ट से जुड़े अकाउंटेंट के ठिकानों पर छापेमारी कर ED ने रिकॉर्ड जब्त किए। प्रोजेक्ट के कंसल्टेंट राजेन्द्र जैन ने बताया कि इस प्रोजेक्ट में वास्तविक खर्च 13-15 करोड़ था। जबकि रिकॉर्ड में 7.14 करोड़ ही दिखाया गया। जब्त डिजिटल डिवाइसेस से पता चला कि बघेल की कंपनी ने एक ठेकेदार को 4.2 करोड़ कैश पेमेंट किया गया, जो रिकॉर्ड में नहीं दिखाया गया।

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन